खतरे के निशान के करीब, 91.70 मीटर यमुना नदी का जलस्तर

    0
    19

    हर घंटे बढ़ रहा यमुना का पानी- कई गांव से टूटा संपर्क

    संध्या देवी
    मऊ चित्रकूट।
    यमुना नदी का जलस्तर बढ़ने से राजापुर, मऊ तथा कई गांव पानी से घिर गए हैं। पानी सड़कों से होता हुआ घर तक पहुंच गया है। कई गांव में आवागमन बाधित होने से संपर्क टूट गया है। पानी के कारण रास्ते पूरी तरह से बंद हो गए हैं। किसानों की कई बीघे की फसल पूरी तरह पानी में डूब गई है।

    रविवार को यमुना का जलस्तर 91.70 मीटर था। खतरे का निशान 93.20 मीटर है। हर घंटे 3 सेंटीमीटर पानी बढ़ने से नदी बीती रात खतरे के निशान से काफी करीब आ चुकी है। मऊ के मवई, मंडोर, मनकुवार, बरियारी कला, टिकरा, पूरब पताई, आदि गांव पानी से पूरी तरह घिर गए हैं। नदियों किनारे बसे गांव अर्की, बेलारू, चिल्ली मल, चांदी ,तीरधुमाई, गंगू, धौरहरा, नैनी, गुरगौला, बिहरवा, बक्ता , देवारी, हस्ता,भदेहदु, बरवारा,मवई कला, तिरहार, व सरधुआ आदि सब गाँव यमुना नदी व पयस्वनी नदी के पानी से घिर चुके हैं। किसानों की फसल को भारी मात्रा में नुकसान हुआ है। सबसे ज्यादा सब्जी को नुकसान हुआ है जिस कारण इन क्षेत्रों में सब्जी के दाम बढ़ने के पूरे आसार है। गांव के आसपास की खेती पूरी तरह जलमग्न हो गई है। पास की कई गांव टापू बन गए हैं। यहां नाव से आवागमन हो रहा है।

    बाढ़ के कारण मऊ क्षेत्र में चल रहे पुल का निर्माण कार्य बाधित हो गया है। सारा सामान सुरक्षित जगह पर पहुंचा दिया गया है। लोग सुरक्षित स्थान पर पलायन कर रहे हैं। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासनिक अधिकारी सहित पुलिस बल राहत कार्य में लगे हैं।
    ऐसी ही नई खबरों का जानकारी के लिए पढ़ते रहिए संध्या की रिपोर्ट thebawabilat.in पर।

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here