Terrorist attack in Kashmir:- After Srinagar, Terrorist kills Policeman in Kulgam

    0
    36

    कश्मीर के कुलगाम में आतंकियों ने पुलिस के जवान को गोली मार की हत्या, घटना के पीछे हाइब्रिड आतंकियों का हाथ

    संध्या देवी

    चित्रकूट यूपी। कश्मीर के कुलगाम में आतंकियों ने एक बार फिर पुलिस के जवान की हत्या की वारदात को अंजाम दिया है। श्रीनगर के बाद कुलगाम में आतंकियों ने पुलिस ऑफिसर बंटू शर्मा को गोली मारकर उनकी हत्या कर दी है। बेटे की मौत की खबर सुनते ही परिवार में कोहराम मचा हुआ है। इससे पहले रविवार को आतंकियों ने श्रीनगर में पुलिस सब इंस्पेक्टर अर्शीद अहमद की भी गोलीमार कर हत्या की थी। फिलहाल सुरक्षा बल इलाके की घेराबंदी कर हमलावर की तलाश कर रही है।

    जाहिर है कि रविवार की हत्या के बाद जारी तलाश अभियान से बौखलाए आतंकी संगठनों ने अपनी रणनीति में बदलाव किया है। वे हिट एंड रन के साथ- साथ ग्रेनेड हमलों को अंजाम देकर सुरक्षा बलों को नुकसान पहुंचाने की साजिश रच रहे हैं। और अपने इस मंसूबे में कामयाब होने के लिए आतंकी संगठन ऐसी घटनाओं को ओवरग्राउंड वर्कर और हाइब्रिड आतंकियों द्वारा अंजाम दे रहे हैं ताकि अगर इनमें से कोई पकड़ा या मारा भी जाए तो आतंकी संगठनों को ज्यादा नुकसान ना हो।

    श्रीनगर समेत घाटी में पिछले कुछ सप्ताहों में सॉफ्ट टारगेट को निशाना बनाने की घटनाओं ने बढ़ोतरी की है। ये घटनाएं उन आतंकियों द्वारा अंजाम दी जाती है जो सुरक्षा एजेंसियों की सूची में आतंकी के रूप में नहीं होते हैं। इसलिए ऐसे आतंकियों को खोजना काफी मुश्किल होता है।
    हैंडलर्स हाइब्रिड आतंकियों को आतंकी घटनाओं को अंजाम देने के लिए स्टैंड बाय में रखते हैं जिन्हें एक टास्क दिया जाता है और उसको पूरा करने के बाद ये नये टास्क का इंतजार करते हैं। इस बीच ये सामान्य कामकाज करते हुए आम लोगों की तरह जीवन व्यतीत करते हैं।

    आखिर कौन है हाइब्रिड आतंकी
    ये वे आतंकी हैं जो सुरक्षा बलों की सूची में नहीं होते हैं। स्लीपर सेल की तरह ही होते हैं ये हाइब्रिड आतंकी। इनको पार्ट टाइम आतंकी बनाया गया है। परंतु इनको भी आतंकी की तरह ही ट्रेनिंग दी जाती है। इन्हें बरगलाकर इस तरह का कट्टरपंथी बनाया जाता है कि हैंडलर की ओर से सौंपे गए टास्क के तहत हमले कर सकते हैं। और उसके बाद फिर एक नए हमले को अंजाम देने की फिराक में रहते हैं। परंतु इस बीच ये आम लोगों की तरह सामान्य कामकाज में जुट जाते हैं, जिस कारण इन्हें पहचानने में दिक्कत होती है।

    ऐसी ही नई खबरों की जानकारी के लिए पढ़ते रहिए संध्या की रिपोर्ट thebawabilat पर।

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here